राँची:- राँची शहर में लगातार बढ़ते ट्रैफिक दबाव के बीच कांटाटोली–सिरमटोली कनेक्टिंग फ्लाईओवर को एक अहम परियोजना के तौर पर देखा जा रहा है।यह इलाका रांची के सबसे व्यस्त जंक्शनों में गिना जाता है, जहां दिन के अधिकांश समय वाहनों की लंबी कतारें और जाम की स्थिति आम बात है। इसी पृष्ठभूमि में जिला प्रशासन ने निर्माण कार्य की गति और समन्वय को प्राथमिकता देते हुए 04 फरवरी 2026 को स्थल निरीक्षण कराया।
अनुमंडल पदाधिकारी (SDO), सदर रांची श्री कुमार रजत ने निर्माण कार्यों की प्रगति का मौके पर जाकर निरीक्षण किया।
निरीक्षण का उद्देश्य केवल निर्माण की मौजूदा स्थिति देखना नहीं था, बल्कि उन सभी सहायक कार्यों की समीक्षा भी थी जो फ्लाईओवर निर्माण को समय पर पूरा कराने में निर्णायक भूमिका निभाते हैं।
निरीक्षण के दौरान SDO सदर ने मुख्य रूप से चार बिंदुओं पर फोकस किया—भू-अर्जन, भवन शिफ्टिंग, यूटिलिटी शिफ्टिंग और ट्रैफिक प्रबंधन।
प्रशासन के स्तर पर माना जाता है कि इन चारों क्षेत्रों में छोटी-सी देरी भी निर्माण की समय-सीमा को प्रभावित कर सकती है।
इसलिए संबंधित विभागों और कार्यकारी एजेंसियों को स्पष्ट निर्देश दिया गया कि वे आपसी समन्वय के साथ, तय कार्यक्रम के अनुरूप, काम को तेज गति से आगे बढ़ाएं।
खास तौर पर यूटिलिटी शिफ्टिंग (जैसे बिजली के तार/केबल, पानी की लाइनें, टेलीकॉम और अन्य अंडरग्राउंड सेवाएं) को लेकर अक्सर काम में रुकावटें आती हैं।
ऐसी सेवाओं का स्थानांतरण तकनीकी रूप से संवेदनशील होता है और इसके लिए कई विभागों की संयुक्त कार्रवाई जरूरी होती है।
निरीक्षण के दौरान SDO ने यह भी देखा कि किन स्थानों पर यूटिलिटी शिफ्टिंग में बाधा आ रही है और आवश्यकतानुसार त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
वहीं भवन शिफ्टिंग और भू-अर्जन से जुड़ी प्रक्रियाएं भी परियोजना की गति तय करती हैं।
प्रशासन ने संबंधित पदाधिकारियों को यह संदेश दिया कि जहां भी प्रक्रियागत या दस्तावेजी अड़चनें हों, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर सुलझाया जाए,
ताकि निर्माण एजेंसी को “वर्क फ्रंट” समय पर उपलब्ध हो सके और परियोजना बीच में न अटके।
निर्माण स्थल के आसपास आमजन को होने वाली असुविधा भी प्रशासन के एजेंडे में रही।
ट्रैफिक प्रबंधन को लेकर निर्देश दिए गए कि निर्माण क्षेत्र में सुरक्षित आवागमन, डायवर्जन व्यवस्था, संकेतक बोर्ड और जरूरी बैरिकेडिंग को मानकों के अनुसार सुनिश्चित किया जाए। प्रशासन की कोशिश है कि निर्माण कार्य चलते हुए भी शहर की दिनचर्या पर असर कम से कम पड़े और दुर्घटना की आशंका को घटाया जा सके।
निरीक्षण के क्रम में SDO सदर ने निर्माण कार्य में आ रही बाधाओं की विस्तृत समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
प्रेस विज्ञप्ति में यह भी उल्लेख है कि जिला प्रशासन द्वारा इस परियोजना की सतत निगरानी की जा रही है,
ताकि निर्माण कार्य समयबद्ध ढंग से पूर्ण कर आमजन को शीघ्र सुविधा उपलब्ध कराई जा सके।
प्रशासन का मानना है कि फ्लाईओवर चालू होने के बाद इस रूट पर जाम का दबाव घटेगा और रांचीवासियों को बेहतर कनेक्टिविटी का लाभ मिलेगा।
निर्माण कार्य/ट्रैफिक/असुविधा संबंधी समस्या या सुझाव इसी नंबर पर भेजे जा सकते हैं।
Ranchi Club TV की नजर में यह निरीक्षण एक स्पष्ट संकेत है कि प्रशासन अब परियोजना को लेकर “टाइमलाइन और डिलीवरी” पर ज्यादा सख्ती बरत रहा है।
आने वाले दिनों में यदि विभागीय समन्वय बेहतर रहा और बाधाओं पर तेजी से कार्रवाई हुई, तो कांटाटोली–सिरमटोली कनेक्टिंग फ्लाईओवर
रांची के ट्रैफिक सिस्टम में बड़ा सुधार ला सकता है। रांची क्लब टीवी इस परियोजना से जुड़ी हर अपडेट पर लगातार नजर बनाए रखेगा।









