राँची:- झारखंड की राजधानी रांची में आधार सेवाओं को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। भारत सरकार के माननीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने शुक्रवार को रांची के कांटाटोली स्थित एस्टेट प्लाजा में उन्नत आधार सेवा केंद्र (Aadhaar Seva Kendra – ASK) का उद्घाटन किया। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद महुआ माजी भी विशेष रूप से उपस्थित रहीं और कार्यक्रम की गरिमा को बढ़ाया।

यह उन्नत आधार सेवा केंद्र रांची और आसपास के क्षेत्रों के लाखों निवासियों को तेज, पारदर्शी और अधिक सुविधाजनक आधार सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। अत्याधुनिक तकनीकी सुविधाओं और बेहतर अवसंरचना से सुसज्जित इस केंद्र में आधार नामांकन, आधार अपडेट, बायोमेट्रिक अपडेट और अन्य सेवाएं पहले से अधिक व्यवस्थित तरीके से उपलब्ध कराई जाएंगी।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने कहा कि आधार आज देश की सबसे महत्वपूर्ण डिजिटल पहचान व्यवस्था बन चुकी है और इससे करोड़ों लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे और पारदर्शी तरीके से मिल रहा है। उन्होंने यूआईडीएआई के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आधुनिक आधार सेवा केंद्रों की स्थापना से आम लोगों को बड़ी सुविधा मिलेगी और सेवा वितरण की प्रक्रिया और अधिक प्रभावी बनेगी।

उन्होंने अभिभावकों से विशेष अपील करते हुए कहा कि वे अपने बच्चों का अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट समय पर अवश्य कराएं। उन्होंने बताया कि बच्चों के लिए 5 वर्ष की आयु पूरी होने पर और फिर 15 वर्ष की आयु पर बायोमेट्रिक अपडेट कराना जरूरी होता है। इससे छात्रों को छात्रवृत्ति जैसी सरकारी योजनाओं का लाभ लेने में कोई परेशानी नहीं होती और जहां लागू हो वहां NEET और CUET जैसी प्रवेश परीक्षाओं के पंजीकरण में भी कोई समस्या नहीं आती।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद महुआ माजी ने भी आधार सेवाओं के विस्तार को लेकर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि यूआईडीएआई का यह प्रयास झारखंड के लोगों के लिए काफी लाभकारी साबित होगा। उन्होंने अभिभावकों को अपने बच्चों का बायोमेट्रिक अपडेट कराने के लिए प्रेरित किया और विद्यालयों से भी आग्रह किया कि वे यूआईडीएआई के मिशन मोड अभियान के तहत लंबित मामलों को कम करने के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं।

बताया गया कि इससे पहले झारखंड में यूआईडीएआई के आधार सेवा केंद्र केवल तीन जिलों—रांची, धनबाद और पूर्वी सिंहभूम—में ही उपलब्ध थे। लेकिन अब चरणबद्ध तरीके से राज्य के कई अन्य जिलों में भी नए आधार सेवा केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इनमें बोकारो, हजारीबाग, गिरिडीह, देवघर, गोड्डा, दुमका, साहिबगंज, सरायकेला-खरसावां, पश्चिमी सिंहभूम, गढ़वा और पलामू जैसे जिले शामिल हैं।
अधिकारियों के अनुसार इन नए केंद्रों के शुरू होने से राज्य के लाखों लोगों को आधार से जुड़ी सेवाओं के लिए लंबी दूरी तय करने की जरूरत नहीं पड़ेगी। साथ ही सेवा की गुणवत्ता में भी सुधार होगा और आधार अपडेट की प्रक्रिया पहले से अधिक तेज और सरल हो जाएगी।
कांटाटोली स्थित एस्टेट प्लाजा में स्थापित यह उन्नत आधार सेवा केंद्र सीधे यूआईडीएआई द्वारा संचालित किया जा रहा है। यहां दिव्यांगजन, वरिष्ठ नागरिकों और गर्भवती महिलाओं के लिए अलग समर्पित काउंटर बनाए गए हैं, ताकि उन्हें प्राथमिकता के आधार पर सेवाएं मिल सकें। इसके अलावा स्तनपान कराने वाली माताओं के लिए एक विशेष फीडिंग रूम की व्यवस्था भी की गई है, जिससे उन्हें किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
यहां बच्चों के लिए जन्म पंजीकरण संख्या (BRN) आधारित आधार नामांकन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे छोटे बच्चों का आधार बनवाना और भी आसान हो जाएगा।

इस कार्यक्रम में यूआईडीएआई क्षेत्रीय कार्यालय रांची के उपमहानिदेशक अखिलेश कुमार गुप्ता, निदेशक नीरज कुमार समेत कई अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान आधार सेवाओं के विस्तार और तकनीकी सुधार को लेकर विस्तार से जानकारी दी गई।
बताया गया कि इस आधार सेवा केंद्र के दैनिक संचालन का प्रबंधन Protean eGov Technologies Ltd. द्वारा किया जाएगा। यह केंद्र रांची और आसपास के क्षेत्रों के लोगों के लिए आधार सेवाओं की गुणवत्ता को बेहतर बनाने में अहम भूमिका निभाएगा। इससे परिचालन दक्षता बढ़ेगी, आधार अपडेट में लगने वाला समय कम होगा और सेवाओं की विश्वसनीयता भी बढ़ेगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे आधुनिक आधार सेवा केंद्रों की स्थापना डिजिटल इंडिया मिशन को मजबूत करने के साथ-साथ आम नागरिकों को सरकारी सेवाओं तक आसान पहुंच दिलाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।









