राँची:- झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव आलोक कुमार दूबे ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के हालिया बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए उन्हें पूरी तरह निराधार, भ्रामक और राजनीतिक हताशा का परिणाम बताया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के पास न तो नैतिक आधार बचा है और न ही छात्रों के प्रति संवेदनशीलता, बल्कि वह केवल राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है।
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि भाजपा नेताओं को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से इस्तीफा मांगने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के शासनकाल में राष्ट्रीय स्तर की कई महत्वपूर्ण परीक्षाओं, जिनमें नीट (NEET) और यूजीसी-नेट (UGC-NET) जैसी परीक्षाएं शामिल हैं, उनकी पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठे और लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ। ऐसे में भाजपा द्वारा झारखंड के छात्रों के नाम पर राजनीति करना दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि झारखंड की महागठबंधन सरकार छात्रों से जुड़े प्रत्येक मुद्दे को गंभीरता से ले रही है। सरकार ने जांच एजेंसियों को स्वतंत्र रूप से कार्रवाई करने की पूरी छूट दी है। कई आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है और जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
दूबे ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य दोषियों को कानून के शिकंजे तक पहुंचाना है, जबकि भाजपा केवल राजनीतिक माहौल बनाने में लगी हुई है।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा का वास्तविक उद्देश्य छात्रों को न्याय दिलाना नहीं, बल्कि झारखंड में राजनीतिक अस्थिरता पैदा करना है। यदि भाजपा वास्तव में छात्रों के हितों की चिंता करती है, तो उसे केंद्र सरकार से राष्ट्रीय स्तर पर हुई परीक्षा अनियमितताओं और पेपर लीक मामलों पर जवाब मांगना चाहिए।
विधानसभा सत्र को लेकर भाजपा द्वारा दिए जा रहे बयानों पर भी आलोक कुमार दूबे ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सरकार सदन के भीतर और बाहर जनता के हर सवाल का जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है। कानून-व्यवस्था, भर्ती परीक्षाओं और अन्य महत्वपूर्ण मामलों में सरकार पारदर्शिता के साथ कार्य कर रही है।
अपने बयान के अंत में आलोक कुमार दूबे ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस्तीफा देने वाले मुख्यमंत्री नहीं हैं, बल्कि दोषियों को कानून के शिकंजे तक पहुंचाने वाले मुख्यमंत्री हैं। उन्होंने भाजपा से अपील की कि वह जनता को गुमराह करने के बजाय झारखंड में अपने दो दशक के शासनकाल और केंद्र सरकार की विफलताओं पर जवाब दे।
नोट: यह समाचार झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति पर आधारित है। इसमें व्यक्त विचार संबंधित वक्ता के हैं।









