राँची:- झारखंड में विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मतदाता सूची से जुड़े कार्यों को लेकर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री के. रवि कुमार ने सभी जिलों के निर्वाचन अधिकारियों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए हैं। उन्होंने दावा-आपत्ति की सुनवाई के दौरान अनावश्यक भीड़ रोकने के लिए टोकन सिस्टम अपनाने और सभी मामलों का पारदर्शी एवं समयबद्ध तरीके से निष्पादन सुनिश्चित करने को कहा है।
दावा-आपत्ति की सुनवाई में टोकन सिस्टम अपनाने का निर्देश
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने राज्य के सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक कर SIR, दावा-आपत्ति एवं सुनवाई, युवा मतदाता पंजीकरण, ELC गतिविधियों तथा मतदाता सेवाओं से संबंधित कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि दावा-आपत्ति की सुनवाई के दौरान एक साथ अधिक लोगों को बुलाने के बजाय टोकन सिस्टम के माध्यम से क्रमवार सुनवाई कराई जाए, ताकि अनावश्यक भीड़ न लगे।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक व्यक्ति को अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर दिया जाए। उपलब्ध दस्तावेजों और तथ्यों का परीक्षण करने के बाद नियमानुसार निर्णय लिया जाए। जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को लंबित मामलों और प्रतिदिन किए जा रहे निष्पादन की नियमित समीक्षा करने को भी कहा गया है।
1 अक्टूबर तक 18 वर्ष पूरे करने वाले युवाओं का नाम जोड़ने पर जोर
के. रवि कुमार ने शून्य तथा 1 से 5 फॉर्म-6 वाले मतदान केंद्रों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे मतदान केंद्रों की मतदान केंद्रवार समीक्षा की जाए और बीएलओ के माध्यम से नए एवं युवा पात्र भारतीय नागरिकों की पहचान की जाए।
ऐसे पात्र युवा, जिनकी आयु 1 अक्टूबर 2026 तक 18 वर्ष पूर्ण हो रही है और जिनका नाम मतदाता सूची में दर्ज नहीं है, उनसे निर्धारित प्रक्रिया के तहत फॉर्म-6 एवं आवश्यक घोषणा-पत्र प्राप्त कर उनका नाम मतदाता सूची में जोड़ना सुनिश्चित किया जाए। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित नहीं रहना चाहिए।
निर्वाचन प्रक्रिया में अनियमितता पर प्रभावी निगरानी
बैठक में अधिकारियों को आवेदन, दस्तावेज, सत्यापन और निर्वाचन डेटा पर प्रभावी निगरानी रखने का निर्देश दिया गया। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि साहेबगंज में सामने आई अनियमितता की पुनरावृत्ति किसी अन्य जिले में नहीं होनी चाहिए। किसी भी प्रकार की अनियमितता सामने आने पर तत्काल नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
19 और 20 नवंबर के ELC कार्यक्रमों की तैयारी अभी से शुरू करने का निर्देश
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने आगामी 19 एवं 20 नवंबर को राज्य स्तर पर आयोजित होने वाले ELC कार्यक्रमों की तैयारियां अभी से शुरू करने का निर्देश दिया। इसके लिए ELC कोऑर्डिनेटर नियुक्त कर उनकी स्पष्ट जिम्मेदारी तय करने को कहा गया है।
स्कूल और कॉलेज स्तर पर कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार कर विद्यार्थियों एवं युवा मतदाताओं के बीच ECINET का व्यापक प्रचार-प्रसार करने पर भी जोर दिया गया। युवाओं को उपलब्ध डिजिटल मतदाता सेवाओं की जानकारी देने का निर्देश दिया गया है।
NVSP और ‘Book a Call’ की शिकायतों का त्वरित निष्पादन
के. रवि कुमार ने NVSP पर प्राप्त शिकायतों के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन का निर्देश दिया। इसके साथ ही ECINET की ‘Book a Call’ सुविधा के माध्यम से प्राप्त मतदाताओं की शिकायतों और समस्याओं पर भी समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया।
उन्होंने जिला स्तर पर इन मामलों की नियमित मॉनिटरिंग करने और यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि कोई भी प्रकरण अनावश्यक रूप से लंबित न रहे।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में अधिकारी रहे मौजूद
बैठक के दौरान अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुबोध कुमार, उप निर्वाचन पदाधिकारी श्री धीरज कुमार ठाकुर, अवर निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुनील कुमार सिंह सहित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिला निर्वाचन पदाधिकारी एवं उप निर्वाचन पदाधिकारी उपस्थित रहे।









