सभी पात्र युवा मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में जोड़ने के लिए विशेष अभियान

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

राँची:- झारखंड में मतदाता सूची को अधिक समावेशी एवं शत-प्रतिशत सटीक बनाने की दिशा में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री के. रवि कुमार ने राज्य के सभी विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों एवं तकनीकी शिक्षण संस्थानों से सक्रिय सहयोग का आह्वान किया है। निर्वाचन सदन से आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत यह सुनिश्चित किया जाएगा कि राज्य का कोई भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि राज्य के अधिकांश नए एवं युवा मतदाता उच्च एवं तकनीकी शिक्षा संस्थानों से जुड़े हुए हैं। ऐसे में शिक्षण संस्थानों की महत्वपूर्ण भूमिका है कि वे अपने विद्यार्थियों को मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए प्रेरित करें और निर्वाचन आयोग के साथ समन्वय स्थापित कर अभियान को सफल बनाएं।

उन्होंने जानकारी दी कि 5 अगस्त को प्रारूप मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद फॉर्म-6 के माध्यम से नए पात्र मतदाताओं का नाम जोड़ने के लिए पूरे राज्य में व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के माध्यम से प्रत्येक पात्र नागरिक तक मतदाता पंजीकरण की जानकारी पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।

श्री के. रवि कुमार ने सभी विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों एवं तकनीकी संस्थानों के प्राचार्यों और निदेशकों से आग्रह किया कि वे अपने परिसरों में विशेष मतदाता पंजीकरण शिविर, हेल्प डेस्क तथा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करें। उन्होंने कहा कि जो युवा 18 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके हैं अथवा 1 अक्टूबर 2026 तक 18 वर्ष के हो जाएंगे, उनका नाम समय पर मतदाता सूची में दर्ज कराया जाना चाहिए।

उन्होंने बताया कि मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय द्वारा सभी जिलों को मतदाता जागरूकता से संबंधित प्रचार-प्रसार सामग्री उपलब्ध करा दी गई है। शिक्षण संस्थान जिला निर्वाचन कार्यालय के सहयोग से इन सामग्रियों का उपयोग कर विद्यार्थियों के बीच मतदान के प्रति जागरूकता बढ़ा सकते हैं।

बैठक में सोशल मीडिया की बढ़ती भूमिका पर भी विशेष जोर दिया गया। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि वर्तमान समय के अधिकांश युवा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का व्यापक उपयोग करते हैं। इसलिए डिजिटल माध्यमों के जरिए मतदाता पंजीकरण संबंधी जानकारी अधिक से अधिक युवाओं तक पहुंचाई जाए, ताकि हर पात्र नागरिक लोकतांत्रिक प्रक्रिया का हिस्सा बन सके।

उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्वाचन आयोग का उद्देश्य केवल पात्र भारतीय नागरिकों का नाम मतदाता सूची में शामिल करना है तथा यह सुनिश्चित करना भी आवश्यक है कि कोई अपात्र अथवा विदेशी नागरिक मतदाता सूची में शामिल न हो। इसके लिए जन-जागरूकता और सभी संबंधित संस्थानों का सहयोग अत्यंत महत्वपूर्ण है।

बैठक में उच्च शिक्षा निदेशक श्री सुधीर बाड़ा, अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुबोध कुमार, तकनीकी शिक्षा विभाग के निदेशक श्री जॉर्ज कुमार, उप निर्वाचन पदाधिकारी श्री धीरज कुमार ठाकुर, उप निर्वाचन पदाधिकारी (लोहरदगा) श्री संजय कुमार, अवर निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुनील कुमार सिंह सहित राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों एवं तकनीकी संस्थानों के प्राचार्य एवं निदेशक वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से शामिल हुए।

यह पहल लोकतंत्र को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। शिक्षण संस्थानों की सक्रिय भागीदारी से अधिक से अधिक युवा मतदाता निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़ेंगे और आगामी चुनावों में अपने मताधिकार का प्रभावी उपयोग कर सकेंगे।

Ranchi Club Tv
Author: Ranchi Club Tv

Leave a Comment

और पढ़ें