माधवी के भजन और सरायकेला छऊ नृत्य ने मोहा मन
सांस्कृतिक मंच पर माधवी ने महात्मा गांधी के प्रिय भजन ‘वैष्णव जन तो तेने कहिए’ की भावपूर्ण प्रस्तुति दी। इसके बाद संगीत नाटक अकादमी सम्मान से सम्मानित गुरु श्री तपन कुमार पटनायक के निर्देशन में सरायकेला छऊ नृत्य का मंचन किया गया।
छऊ नृत्य में मंगलाचरण, आरती, हर-पार्वती, धीर और राधा-कृष्ण जैसे विभिन्न प्रसंग प्रस्तुत किए गए। कलाकारों की प्रस्तुतियों ने दर्शकों को झारखंड की समृद्ध लोककला और सांस्कृतिक विरासत की झलक दिखाई।
चित्रकला प्रतियोगिता में बच्चों ने दिखाई प्रतिभा
कक्षा दूसरी से बारहवीं तक के विद्यार्थियों के लिए चित्रकला प्रतियोगिता आयोजित की गई। कक्षा दूसरी से पांचवीं तक के बच्चों को स्वतंत्र विषय पर चित्र बनाने का अवसर दिया गया। कक्षा छठी से नौवीं तक के विद्यार्थियों के लिए सामाजिक विषय और कक्षा दसवीं से बारहवीं तक के विद्यार्थियों के लिए सामाजिक बुराई विषय निर्धारित किया गया था।
7 से 10 वर्ष आयु वर्ग के पुरस्कार विजेता
प्रथम पुरस्कार
- आद्याश्री – JVM सरला ग्लोबल
- अनुज – सरला ग्लोबल
- श्रेया तिवारी – JVM श्यामली
द्वितीय पुरस्कार
- समृद्धि – DAV कपिल देव
- अर्क रंजन – केराली स्कूल
- ओजस पांडेय – DAV नंदराज
तृतीय पुरस्कार
- अंशिका – गुरु नानक स्कूल
- रंजना शाह – DPS दुर्गापुर
- आयुष कुमार – DAV नंदराज
10 से 12 वर्ष आयु वर्ग के पुरस्कार विजेता
प्रथम पुरस्कार
- सृष्टि
- आयुष आनंद – DAV कपिल देव
- जया संतोष – DPS रांची
द्वितीय पुरस्कार
- सुधांशु कुमार – विवेकानंद स्कूल
- प्रिया अग्रवाल – JVM
- सौनेक – JVM
- अदिति – विवेकानंद स्कूल
तृतीय पुरस्कार
- सुनैना कुमार – मॉडल स्कूल
- सक्षम प्रताप – केराली स्कूल
- अभिनूप सिन्हा – केराली स्कूल
- प्रियंका बेदिया – केराली स्कूल
- अमायरा ठाकुर – DAV कपिल देव
कला और संस्कृति का साझा मंच बना मेला
जेसोवा दिवाली मेला का दूसरा दिन खरीदारी, कला, संस्कृति और बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा के नाम रहा। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और प्रतियोगिताओं ने मेले को केवल खरीदारी का केंद्र न बनाकर सामाजिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का साझा मंच बनाया।









