रांची के नामकुम में हवा महल की थीम पर सजा दुर्गा पूजा पंडाल, 20 लाख रुपये से अधिक खर्च का दावा

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राँची:- राजधानी रांची में दुर्गा पूजा को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। शहर के अलग-अलग इलाकों में पूजा पंडालों को आकर्षक रूप देने के लिए आयोजक जुटे हुए हैं। इसी क्रम में नामकुम रेलवे स्टेशन के पास स्थित जय माता दी क्लब का दुर्गा पूजा पंडाल इस बार खास आकर्षण बनने की तैयारी में है। आयोजकों के अनुसार, पंडाल को राजस्थान के प्रसिद्ध हवा महल की स्थापत्य शैली की तर्ज पर तैयार किया गया है। राजस्थानी संस्कृति की झलक, मां दुर्गा की भव्य प्रतिमा और सामाजिक संदेशों को एक साथ प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया है।

राजस्थान के हवा महल की तर्ज पर तैयार हुआ पंडाल

जय माता दी क्लब के अध्यक्ष विनोद सिंह के अनुसार, इस वर्ष पंडाल की थीम राजस्थान की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान से प्रेरित है। हवा महल की शैली को ध्यान में रखते हुए पंडाल का निर्माण कराया गया है, ताकि श्रद्धालुओं को धार्मिक दर्शन के साथ एक अलग सांस्कृतिक अनुभव भी मिल सके। आयोजकों का कहना है कि पंडाल की सजावट और प्रतिमाओं के माध्यम से लोगों को आकर्षित करने के साथ-साथ समाज को सकारात्मक संदेश देने की कोशिश की गई है।

पंडाल में मां दुर्गा को ऊंट के रथ पर सवार दिखाया गया है। इसके साथ ही माता-पिता के सम्मान, बच्चों के संस्कार और परिवार की अहमियत को दर्शाने वाली मूर्तियां भी तैयार की गई हैं। इन प्रतिमाओं के जरिए लोगों को यह संदेश देने का प्रयास किया गया है कि परिवार के प्रति जिम्मेदारी, बड़ों का सम्मान और बच्चों को अच्छे संस्कार देना समाज की महत्वपूर्ण नींव है।

मां और बच्चे के रिश्ते को दर्शाती हैं प्रतिमाएं

इस पंडाल की एक खास विशेषता मां और बच्चे के रिश्ते पर आधारित प्रतिमाएं हैं। मूर्तियों के माध्यम से बच्चे के बचपन से लेकर बड़े होकर डॉक्टर या इंजीनियर बनने तक के सफर को प्रदर्शित किया गया है। इसका उद्देश्य बच्चों के जीवन में माता-पिता के योगदान और उनके त्याग को सामने लाना है। आयोजकों के मुताबिक, बच्चों की शिक्षा, परवरिश और भविष्य निर्माण में परिवार की भूमिका को धार्मिक आयोजन के माध्यम से लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया गया है।

विनोद सिंह ने बताया कि मां दुर्गा के सामने उनके माता-पिता की प्रतिमाएं भी स्थापित की गई हैं। इसके माध्यम से माता-पिता के प्रति सम्मान और कृतज्ञता का भाव प्रस्तुत किया जाएगा। आयोजकों की सोच है कि श्रद्धालु जब पंडाल में दर्शन के लिए आएं, तो धार्मिक आस्था के साथ पारिवारिक संबंधों और सामाजिक जिम्मेदारियों के महत्व को भी समझें।

सामाजिक और राजनीतिक हस्तियों की भी दिखेगी झलक

जय माता दी क्लब के पंडाल में धार्मिक और पारिवारिक विषयों के अलावा समकालीन सामाजिक एवं राजनीतिक संदर्भों को भी जगह दी गई है। आयोजक विनोद सिंह के अनुसार, पंडाल में लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव और तेज प्रताप यादव से जुड़ी प्रतिमाएं लगाई गई हैं। इसके अलावा झारखंड के युवा नेता देवेंद्र नाथ महतो को भी स्थान दिया गया है।

विनोद सिंह के मुताबिक, देवेंद्र नाथ महतो को शामिल करने के पीछे युवाओं के मुद्दों को सामने लाने और भाईचारे का संदेश देने की सोच है। इस तरह पंडाल में धार्मिक आस्था के साथ मौजूदा सामाजिक और राजनीतिक विषयों की झलक भी देखने को मिलेगी।

20 लाख रुपये से अधिक खर्च होने का अनुमान

पंडाल की लागत को लेकर विनोद सिंह ने बताया कि इस वर्ष पंडाल और मूर्तियों पर 20 लाख रुपये से अधिक खर्च होने का अनुमान है। उनके अनुसार, निर्माण कार्य नामकुम में ही कराया गया है, जबकि मूर्तियों और सजावट से जुड़े कार्यों में पश्चिम बंगाल के कारीगरों ने सहयोग किया है। हालांकि, बताई गई राशि आयोजक का अनुमान है।

विनोद सिंह ने यह भी बताया कि वर्ष 2018 से वह किसी से चंदा लिए बिना अपने खर्च पर दुर्गा पूजा का आयोजन कर रहे हैं। इससे पहले पूजा का आयोजन चंदे के माध्यम से किया जाता था, लेकिन बाद में उन्होंने व्यक्तिगत रूप से खर्च उठाने का निर्णय लिया। उनके अनुसार, पूजा आयोजन को व्यवस्थित तरीके से जारी रखने और अपनी ओर से धार्मिक सेवा करने की भावना से यह पहल की गई है।

दान पेटी की राशि जरूरतमंद परिवार की मदद में देने की पहल

आयोजक के अनुसार, पंडाल में रखी जाने वाली दान पेटी में श्रद्धालुओं की ओर से दी गई राशि का उपयोग जरूरतमंद परिवार की बेटी की शादी में सहायता के लिए किया जाता है। इस पहल के जरिए धार्मिक आयोजन को सामाजिक सहयोग से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। आयोजकों का कहना है कि पूजा केवल धार्मिक अनुष्ठान तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि इसके माध्यम से जरूरतमंद लोगों की मदद और समाज में आपसी सहयोग की भावना को भी बढ़ावा मिलना चाहिए।

16 अक्टूबर को शाम छह बजे होगा उद्घाटन

जय माता दी क्लब के अध्यक्ष विनोद सिंह के मुताबिक, पंडाल का उद्घाटन षष्ठी के दिन 16 अक्टूबर को शाम छह बजे किया जाएगा। उद्घाटन विनोद सिंह के माता-पिता के हाथों संपन्न होगा। यह आयोजन पंडाल की पारिवारिक थीम और माता-पिता के सम्मान के संदेश से भी जुड़ा हुआ है। श्रद्धालुओं के लिए भोजन की व्यवस्था किए जाने की भी जानकारी दी गई है।

आयोजक ने श्रद्धालुओं से परिवार के साथ पंडाल में पहुंचकर मां दुर्गा के दर्शन करने की अपील की है। उनका कहना है कि लोगों का प्यार और आशीर्वाद ही उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान है। पंडाल के माध्यम से धार्मिक आस्था के साथ राजस्थानी संस्कृति, पारिवारिक संस्कार और सामाजिक संदेशों को प्रस्तुत करने की तैयारी की गई है।

नामकुम में आकर्षण का केंद्र बनने की तैयारी

नामकुम रेलवे स्टेशन के पास तैयार किया जा रहा जय माता दी क्लब का दुर्गा पूजा पंडाल अपनी अनूठी थीम और सामाजिक संदेशों के कारण चर्चा में है। राजस्थान के हवा महल की तर्ज पर तैयार सजावट, ऊंट के रथ पर मां दुर्गा की प्रतिमा, माता-पिता के सम्मान को दर्शाने वाली मूर्तियां और समकालीन सामाजिक-राजनीतिक विषयों की प्रस्तुति इसे अलग पहचान देने का प्रयास है।

अब श्रद्धालुओं की नजर पंडाल के उद्घाटन और दर्शन व्यवस्था पर रहेगी। धार्मिक उत्साह के बीच यह पंडाल लोगों को परिवार, संस्कार, सम्मान और सामाजिक सहयोग का संदेश देने की कोशिश कर रहा है।

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यह खबर आयोजक की ओर से उपलब्ध कराई गई जानकारी पर आधारित है। खर्च और आयोजन से संबंधित दावों को आयोजक के बयान के रूप में प्रस्तुत किया गया है।

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Author: Ranchi Club Tv

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